लंदन ,०३ अगस्त। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग का मानना है कि एशेज सीरीज में ०-२ से पिछडऩे के बाद सीरीज का स्कोर २-२ करने से इंग्लैंड एक टेस्ट टीम के रूप में बेहतर हो जाएगी। उन्होंने चीजों मेें बदलाव करना शुरू कर दिया है।
द ओवल में क्रिस वोक्स और मोइन अली के गेम-चेंजिंग स्पैल के दम पर इंग्लैंड ने सीरीज के आखिरी मैच में जीत दर्ज की जबकि स्टुअर्ट ब्रॉड ने आखिरी दो विकेट लेकर अपने करियर का शानदार अंत किया, जिससे इंग्लैंड ने श्रृंखला २-२ से बराबरी पर खत्म की।
पोंटिंग ने कहा, यदि आप उनके पास मौजूद खिलाडिय़ों को देखें, तो मुझे नहीं लगता कि ब्रैंडन मैकुलम (मुख्य कोच) उन्हें ज्यादा कुछ कह रहे हैं। वह बस इतना बोल रहे हैं, बाहर जाओ और अपने तरीके पर भरोसा करो।
यह एक युवा टीम है, कुछ लोगों ने बहुत अधिक टेस्ट क्रिकेट नहीं खेला है। हैरी ब्रुक, बेन डकेट और जैक क्रॉली सभी अभी भी सुधार कर सकते हैं। इंग्लैंड बेहतर होगा, बस चीजों में थोड़ा बदलाव करते रहें। हालांकि पहली दो सीरीज़ हारने के बाद इंग्लैंड बैकफुट पर था, पोंटिंग ने इस बात पर प्रकाश डाला कि इंग्लैंड अपने अति-आक्रामक दृष्टिकोण से पीछे नहीं हटा और उसने इस सीरीज में कुछ सबक भी सीखे।इंग्लैंड के पास पहले दो टेस्ट मैचों में मौके थे और उन्हें पता था कि उनकी शैली ऑस्ट्रेलिया के मुकाबले खरी है। जब भी हमने उनसे बात की तो आप स्टोक्स-मैकुलम या सभी खिलाडिय़ों की बातों में झलक रहे आत्मविश्वास को सुन सकते थे।उन्होंने कहा, वो इस बात पर अटल थे कि वह क्या करना चाहते थे और कैसे खेलना चाहते थे। मुझे लगता है कि उन्होंने इस दौरान बहुत कुछ सीखा है। इंग्लैंड का अगला टेस्ट असाइनमेंट अगले साल २५ जनवरी से ११ मार्च तक भारत की पांच मैचों की श्रृंखला की यात्रा है, जिसमें हैदराबाद, विशाखापत्तनम, राजकोट, रांची और धर्मशाला में मैच खेले जाएंगे।



