मैनिटोबा, १८ जनवरी।
भारत में पुलिस ने जनवरी २०२२ में यूएस-कैनेडा सीमा के पास चार लोगों की मौत के सिलसिले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। घटना के दिन तीन साल के बच्चे सहित सभी के शव, अमेरिकी सीमा से १२ मीटर दूर कैनेडा के मैनिटोबा में एक खेत में जमे हुए पाए गए थे। यह परिवार भारत के गुजरात का रहने वाला था।
इनमें जगदीश पटेल ३९ साल, वैशालीबेन ३७ साल, उनकी बेटी विहंगी ११ साल और बेटा धार्मिक ३ साल का था। यह सभी गुजरात के डिंगुचा गाँव से थे। पटेल गुजरात के उन ११ लोगों के समूह में शामिल थे जो अमेरिका में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे थे। समूह के अन्य सात लोगों को सीमा पार करने के बाद अमेरिकी अधिकारियों ने हिरासत में ले लिया।
गुजरात राज्य पुलिस के अधिकारियों ने कहा कि गिरफ्तार किए गए व्यक्ति अवैध आप्रवासन एजेंट हैं। पुलिस अमेरिका और कैनेडा में स्थित दो और एजेंटों को भी गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही है। गिरफ्तार किए गए लोगों पर आव्रजन एजेंटों के रूप में कार्य करने, परिवार के सदस्यों को गलत कागजी कार्रवाई करने को प्रेरित करने और उन्हें अमेरिका जाने में मदद करने का आरोप लगाया गया है। उनके खिलाफ आरोपों में मानव तस्करी, आपराधिक साजिश और हत्या की श्रेणी में नहीं आने वाली गैर इरादतन हत्या शामिल है।
गुजरात के अहमदाबाद में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी चैतन्य मांडलिक ने सोमवार को संवाददाताओं से कहा कि शहर की अपराध शाखा ने एक मामले में एक अपराध दर्ज किया है जिसमें आरोपी (एजेंट) ने ११ लोगों को अवैध रूप से यूएस-कैनेडा सीमा पार करने के लिए बर्फ में चलने के लिए मजबूर किया था, जिससे एक परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई थी।



