नई दिल्ली ,१ मई । भारतीय शटलर पीवी सिंधु को बैडमिंटन एशिया चैंपियनशिप २०२२ के महिला एकल सेमीफाइनल में मौजूदा विश्व चैंपियन जापान की अकाने यामागुची से हारने के बाद कांस्य पदक से संतुष्ट करना पड़ा। पूर्व विश्व चैंपियन २६ वर्षीय सिंधु महाद्वीपीय स्पर्धा में अपने दूसरे कांस्य पदक के लिए एक घंटे छह मिनट तक चले मैच में विश्व नंबर २ यामागुची २१-१३, १९-२१, २१-१६ से हार गईं। वहीं सिंगल्स मुकाबले के दौरान एक समय चेयर अंपायर ने सिंधु पर पेनल्टी लगा दी, जिस पर सिंधु ने अपना आपा खो दिया और अंपायर से ही भिड़ गईं।
दरअसल, पीवी सिंधु का मुकाबला जापान की शीर्ष वरीय अकाने यामागुची से था। पहला सेट २१-१३ से आगे रहने के बाद सिंधु ने दूसरे सेट में भी एक समय १४-१२ से बढ़त बना ली थी। इसी दौरान अंपायर ने देरी से सर्विस करने के कारण सिंधु पर पेनल्टी लगाते हुए यामागुची को एक पॉइंट दे दिया। अंपायर के इस फैसले के कारण सिंधु गुस्से में आ गई। इस दौरान सिंधु सीधे चेयर अंपायर के पास गईं और उनसे भिड़ गईं। माहौल गर्म होते देख चीफ रेफरी ने दखल दिया और सिंधु से बात करने आए। फिर इन दोनों को बीच भी जमकर बहस चली। सिंधु ने अंपायर और रेफरी दोनों से कहा कि यामागुची तैयार नहीं थीं। इस वजह से सर्विस करने में देरी हुई। सिंधु की बातें सुनने के बाद भी अंपायर अपनी बात पर अड़े रहे।
मैच के बाद सिंधु ने कहा, अंपायर ने उनसे बात करते हुए कहा कि आपने सर्विस करने में देरी की, इसलिए पेनल्टी लगाई, जबकि हकीकत यह है कि विपक्षी खिलाड़ी ही तैयार नहीं थी। ये सब सुनने के बाद भी अंपायर ने उसे एक पॉइंट दे दिया। सिंधु ने कहा कि मेरे साथ बिल्कुल गलत हुआ है और इसी वजह से मैं मैच हार गई।



