नई दिल्ली,२९ नवंबर। उत्तराखंड के उत्तरकाशी टनल में फंसे सभी ४१ मजदूरों को मंगलवार को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी बचाए गए लोगों से फोन पर बात की।
ऑपरेशन के १७वें दिन पूरे देश की निगाहें टिकी हुई थीं। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह खुद घटनास्थल पर मौजूद थे। पीएमओ के कई अधिकारी नियमित घटनास्थल का दौरा कर रहे थे। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, भारतीय सेना और अन्य केंद्रिय एजेंसियों को साइट पर तैनात किया गया था।
मजदूरों की सकुशल निकासी पर गृहमंत्री, रक्षा मंत्री, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री सहित देश के प्रमुख नेताओं ने बचाव दल की सराहना करते हुए श्रमिकों को शुभकामनाएं दी हैं।
सिल्क्यारा सुरंग से उनके सफल बचाव की खबर मिलने पर ४१ फंसे हुए श्रमिकों के परिवार के सदस्यों के चेहरे पर राहत और खुशी छा गई। लंबे समय तक हताशा सहने वाले परिवारों ने बचाव का जश्न मनाया और अपने प्रियजनों को वापस लाने के लिए सरकार को तहे दिल से धन्यवाद दिया।
आपको बता दें कि १७ दिन की कड़ी मशक्कत के बाद ४१ मजदूरों को सफलतापूर्वक बाहर निकालने वाला ऑपरेशन सिलक्यारा किसी सुरंग या खदान में फंसे मजदूरों को निकालने वाला देश का सबसे लंबा रेस्क्यू ऑपरेशन बना गया है। इससे पहले वर्ष १९८९ में पश्चिमी बंगाल की रानीगंज कोयला खदान से दो दिन चले अभियान के बाद ६५ मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाला गया था।



