ओटावा, 6 जुलाई। यूनाइटेड किंगडम में एक वैक्सीन स्टडी की रिपोर्ट है कि ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका की एक डोज के चार सप्ताह बाद फाइजर-बायोएनटेक वैक्सीन की एक डोज लेने से एस्ट्राजेनेका की दो डोज की तुलना में अधिक मजबूत इम्यून रिस्पांस उत्पन्न हुआ।
इस स्टडी के परिणाम इस वर्ष की शुरुआत में जर्मनी और स्पेन में छोटे अध्ययनों से रिपोर्ट किए गए परिणामों के समान हैं और कैनेडा के अधिकांश हिस्सों में वैक्सीन के मिक्स एंड मैच करने के डिसीजन को और पुख्ता करेंगे।
केनेडा की नेशनल एडवाइजरी कमिटी ऑन इम्यूनाइजेशन (एन ए सी आई) मैं भी जून में दिए गए एक बयान में कहा था कि अब अधिकतर कैनेडियंस जिन्होंने वैक्सीन की पहली डोज एस्ट्रेजनेका वैक्सीन के रूप में ली थी, वह दूसरी डोज के रूप में फाइजर वैक्सीन की डोज लेना पसंद कर रहे हैं।एनएसीआई ने आंकड़ों के आधार पर कहा कि इससे एस्ट्रेजनेका के साथ संभावित रूप से जुड़े हुए ब्लड क्लोटिंग के खतरे को भी कम किया जा सकेगा।
ऑक्सफोर्ड में पीडियाट्रिक्स और वैक्सीनोलॉजी के एक एसोसिएट प्रोफेसर, लीड इन्वेस्टिगेटर मैथ्यू स्नेप का कहना है कि परिणाम दिखाते हैं कि वैक्सीन को एक दूसरे के स्थान पर इस्तेमाल किया जा सकता है, जिससे दुनिया भर में वैक्सीन के रोलआउट में लचीलापन आता है।



