यांगोन। म्यांमार में एक और बुरी खबर है। अब वहां एयरफोर्स ने अपने ही गांवों पर बम वर्षा कर दी। बॉर्डर से सटे एक गांव में हवाई हमले की खबरें आई हैं। इसमें बच्चों समेत कई लोगों की मौत होने की आशंका जताई जा रही है। लोकल मीडिया के हवाले से दावा किया जा रहा है ये गांव म्यांमार के दक्षिणपूर्वी करेन राज्य में है। सेना के हमले से डरकर यहां के करीब तीन हजार से ज्यादा लोग रविवार को थाईलैंड भाग गए। यह इलाका विद्रोही गुट करेन नेशनल यूनियन के कब्जे वाला माना जाता है। केएनयू का कहना है कि वह उन सैकड़ों लोगों को शरण दे रहा है, जो हाल के हफ्तों में देश में बढ़ी हिंसा के बीच भाग सेंट्रल म्यांमार पहुंचे हैं। यह हमला म्यांमार में सेना की कार्रवाई में 114 लोगों के मारे जाने के अगले दिन ही दिन हुआ है। म्यांमार की सेना ने जिस गांव पर हमला किया, वह थाईलैंड की सीमा से सटा हुआ है। सेना का हमला रात करीब 8 बजे हुआ। उसके ब्रिगेड-5 फोर्स के नियंत्रण वाले इलाके में फाइटर जेट्स ने बम गिराए। उधर 12 देशों के रक्षा प्रमुखों ने रविवार को म्यांमार सेना की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। इनमें अमेरिका, ब्रिटेन, जर्मनी, इटली, डेनमार्क, ग्रीस, नीदरलैंड, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, दक्षिण कोरिया और जापान शामिल हैं। एक ज्वाइंट स्टेटमेंट में उन्होंने कहा कि हम म्यांमार की सेना और और सिक्योरिटी सर्विस के निहत्थे लोगों ताकत के इस्तेमाल की निंदा करते हैं।



