अमेरिका ने आईटी पेशवरों को बड़ी राहत दी है। एच-1बी वीजा समेत विदेशी कामगारों के लिए जारी होने वाले वीजा पर लगाई गई रोक हटा दी गई है। पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यह रोक लगाई थी। बाइडन सरकार ने समय पूरा होने पर इसे समाप्त कर दिया। ट्रंप ने शुरू में इसे दिसंबर तक और फिर बढ़ाकर मार्च के अंत तक कर दिया था। ट्रंप ने कहा था कि आर्थिक गतिविधियों में सुधार के दौरान ये वीजा अमेरिकी श्रम बाजार के लिए एक जोखिम हैं। बाइडेन ने ट्रंप की आव्रजन नीतियों को क्रूर बताते हुए एच-1बी वीजा पर निलंबन हटाने का वादा किया था। अब आपकों बता दें कि आखिर एच-1बी वीजा है क्या। तो सुनिए, यह एक गैर-अप्रवासी वीजा है जो भारतीय आईटी प्रोफेशनल्स में काफी लोकप्रिय है। यह वीजा अमेरिकी कंपनियों को विदेशी कर्मचारियों को विशेष नौकरियों में नियुक्त करने की अनुमति देता है, जिन्हें सैद्धांतिक या तकनीकी विशेषज्ञता की आवश्यकता होती है। हर साल अलग-अलग कैटेगरी में 85 हजार वीजा जारी किए जाते हैं।



