नई दिल्ली। तेगलुदेशम पार्टी (टीडीपी) के प्रमुख और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने दिल्ली के आंध्र भवन में अपना एक दिन का भूख हड़ताल शुरू कर दिया है। उन्होंने आंध्र प्रदेश को विशेष दर्जा दिलाने और राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 2014 के तहत केंद्र द्वारा किए गए वादों को पूरा करने की मांग की है। सुबह 8 बजे से शुरू हुई उनकी भूख हड़ताल रात 8 बजे तक चलेगी। इस दौरान तमाम विपक्षी नेता उनके प्रति एकजुटता दिखाने के लिए आंध्र भवन पहुंच सकते हैं। भूख हड़ताल पर बैठे नायडू ने कहा, ‘आज हम यहां केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध दर्ज कराने आए हैं। धरने से एक दिन पहले कल प्रधानमंत्री ने आंध्र प्रदेश के गुंटुर का दौरा किया। मैं पूछ रहा हूं कि इसकी क्या जरूरत है।’ प्रधानमंत्री मोदी पर हमला करते हुए नायडू ने कहा, ‘प्रधानमंत्री ने आंध्र प्रदेश के मामले में ‘राज धर्म’ का पालन नहीं किया क्योंकि उनकी सरकार ने राज्य को विशेष दर्जा नहीं दिया है।’ उन्होंने कहा कि अगर प्रधानमंत्री हमारे लोगों पर निजी हमले करते हैं तो हम भी उसका जवाब देने को तैयार हैं। बता दें कि टीडीपी राज्य के बंटवारे के बाद आंध्र प्रदेश से किए गए ‘अन्याय’ का विरोध करते हुए पिछले साल एनडीए से बाहर हो गई थी। अपनी एक दिन की भूख हड़ताल के अगले दिन वह 12 फरवरी को राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद को एक ज्ञापन भी सौंपेंगे। मुख्यमंत्री अपने मंत्रियों, पार्टी के विधायकों, एमएलसी और सांसदों के साथ धरना देंगे। राज्य कर्मचारी संघों, सामाजिक संगठनों और छात्र संगठनों के सदस्य भी इसमें शामिल होंगे।



