चिकित्सा का नोबेल पुरस्कार अमेरिकी वैज्ञानिक डेविड व अर्देम को मिला

October 5, 2021

वाशिंगटन, 5 अक्टूबर। वर्ष 2021 के लिए नोबेल पुरस्कारों का ऐलान प्रारंभ कर दिया गया है। चिकित्सा के लिए नोबेल पुरस्कार इस बार अमेरिकी वैज्ञानिक डेविड जूलियस और लेबनान के अर्देम पटापाउटियन को संयुक्त रूप से दिया गया है। दोनों को यह अवॉर्ड तापमान और स्पर्श के लिए रिसेप्टर्स की खोज को लेकर दिया गया गया है।
स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में करोलिंस्का संस्थान के एक पैनल ने इन नामों की घोषणा की है। अमेरिकी वैज्ञानिक डेविड जूलियस और लेबनान के आर्डम पातापुतियन को तापमान और स्पर्श के लिए रिसेप्टर्स की खोज करने पर दिया है। इससे पहले बीते साल मेडिसिन में यह पुरस्कार तीन वैज्ञानिकों को उनकी खोज के लिए दिया गया था। पिछले साल का पुरस्कार अमेरिकी हार्वे ऑल्टर और चार्ल्स राइस और ब्रिटेन के माइकल ह्यूटन को हेपेटाइटिस सी वायरस की पहचान करने के लिए दिया गया था। जो सिरोसिस और यकृत कैंसर का कारण बनता है।
अमेरिकी वैज्ञानिक डेविड जूलियस का जन्म अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर में साल 1955 में हुआ था। इन्होंने बर्कले की कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी से 1984 में पीएचडी की थी। यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया सैन फ्रांसिस्‍को में प्रोफेसर हैं। जो बच्चों को पढ़ाते भी हैं और साथ ही अपने शोध पर काम भी करते हैं।
अमेरिकी वैज्ञानिक आर्डम पातापुतियन मूल रूप से लेबनान के रहने वाले हैं। इनका जन्म 1967 में लेबनान की राजधानी बेरूत में हुआ था। कहते हैं कि लेबनान में युद्ध का माहौल होने की वजह से वह बेरूत से अमेरिका आ गए थे। साल 1996 में उन्होंने कैलिफोर्निया इंस्‍टीटयूट ऑफ टेक्‍नोलॉजी पेसाडेना से पीएचडी की और इसके बाद रिसर्च में जुट गए। अभी वर्तमान समय में आर्डम कैलिफोर्निया के स्क्रिप्‍स रिसर्च में काम कर रहे हैं।
नोबेल कमेटी ने स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में इन पुरस्कारों की घोषणा की। कमेटी ने बताया कि दोनों साइंटिस्ट की इस खोज से नए तरह के पेन किलर्स को बनाने में मदद मिलेगी। खोज का उपयोग पुराने दर्द और कई तरह की बीमारियों के इलाज के लिए किया जा रहा है। इस खोज से हमें पता चला है कि हमारा नर्वस सिस्टम गर्मी, ठंड और यांत्रिक उत्तेजनाओं को कैसे महसूस करता है।
गौरतलब है कि नोबेल पुरस्कार जीतने वाले को एक स्वर्ण पदक के साथ 10 मिलियन स्वीडिश क्रोनोर की पुरस्कार राशि मिलती है। भारतीय करेंसी में इन स्वीडिश क्रोनोर की कीमत करीब 8.50 करोड़ रुपये है। पुरस्कार की ये राशि इसके निर्माता और स्वीडिश आविष्कारक अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत से आती है, जिनकी मृत्यु 1895 में हो गई थी। नोबेल पुरस्कार मेडिसिन के अलावा फिजिक्स, केमेस्ट्री, साहित्य, शांति और अर्थशास्त्र के क्षेत्र में बेहतर काम करने के लिए भी दिया जाता है। आने वाले एक हफ्ते में इन क्षेत्रों में मिलने वाले पुरस्कारों का ऐलान भी किया जाएगा।