पीपीएफ, सुकन्या समृद्धि योजना, किसान विकास पत्र पर ब्याज में 0.4 फीसदी तक की बढ़ोतरी

September 20, 2018

नई दिल्ली। बचत करने वालों के लिए अच्छी खबर है। सरकार ने छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में बढ़ोतरी कर दी है। केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (एनएससी) और सार्वजनिक भविष्य निधि (पीपीएफ) समेत लघु बचत योजनाओं के लिए ब्याज दर अक्तूबर-दिसंबर तिमाही के लिए 0.4 प्रतिशत तक बढ़ा दी है। लघु बचत योजनाओं के लिए ब्याज दरों को तिमाही के आधार पर संशोधित किया जाता है। वित्तमंत्री ने जारी अधिसूचना में कहा कि वित्त वर्ष 2018-19 की तीसरी तिमाही के लिए विभिन्न लघु बचत योजनाओं की ब्याज दरें संशोधित की जाती हैं। पांच वर्ष की सावधि जमा, आवर्ती जमा और वरिष्ठ नागरिक बचत योजना की ब्याज दरें बढ़ाकर क्रमश: 7.8 प्रतिशत, 7.3 प्रतिशत और 8.7 प्रतिशत कर दी गयी हैं। हालांकि बचत जमा के लिए ब्याज दर चार प्रतिशत बरकरार है। पीपीएफ और एनएससी पर मौजूदा 7.6 प्रतिशत की जगह अब आठ प्रतिशत की सालाना दर से ब्याज मिलेगा। किसान विकास पत्र पर अब 7.7 प्रतिशत की दर से ब्याज मिलेगा और अब यह 112 सप्ताह में परिपक्व हो जाएगा। ये बढ़़ोतरी 1 अक्टूबर 2018 से 31 दिसंबर 2018 तक आएगी। सुकन्या समृद्धि खातों के लिए संशोधित ब्याज दर 8.5 प्रतिशत होगी। एक से तीन साल की सावधि जमा पर ब्याज दर में 0.3 प्रतिशत की वृद्धि की गयी है। ये ब्याज दर सिर्फ तिमाही आधार पर तय की गई है। सरकार 1 जनवरी 2019 को दोबारा छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दर की समीक्षा करेगी।